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AIIDE विशेषज्ञता केंद्र, नोएडा

कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं नवाचार-प्रेरित उद्यमिता (AIIDE) CoE, नोएडा

उत्तर प्रदेश सरकार आगामी समय में कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं उद्यमिता के महत्व को समझते हुए, राज्य की प्रमुख योजना “Start in UP” के अंतर्गत FIRST IIT कानपुर को कृत्रिम बुद्धिमत्ता एवं नवाचार-प्रेरित उद्यमिता CoE स्थापित करने का दायित्व सौंप रही है, जिसे नोएडा में FICCI के आधिकारिक साझेदार के रूप में स्थापित किया जाएगा। यह CoE विशिष्ट क्षेत्रों पर ध्यान केंद्रित करेगा तथा राज्य के विभिन्न क्षेत्रों, जैसे AI, ICT, IoT, साइबर, ऑगमेंटेड रियलिटी आदि में कार्यरत स्टार्टअप को स्थापित करने, इनक्यूबेट करने एवं उनके विकास में तेजी लाने में सहायता करेगा।

AIIDE विशेषज्ञता केंद्र, नोएडा

कौन आवेदन कर सकता है?

  1. 01

    अनुसंधान एवं विकास

    DPIIT एवं Startup India पोर्टल पर पंजीकृत स्टार्टअप।

  2. 02

    स्टार्टअप सहायता

    नवीन AI/ML-आधारित उत्पाद एवं सेवाएँ विकसित करने वाले स्टार्टअप।

  3. 03

    डिजिटल परिवर्तन

    मौजूदा उत्पादों एवं सेवाओं में AI को एकीकृत करने की योजना बनाने वाले स्टार्टअप।

कंपनी का प्रकार

स्टार्टअप का निगमन निम्नलिखित रूप में होना चाहिए:

पंजीकरण

कंपनी अधिनियम, 2013 में परिभाषित प्राइवेट लिमिटेड कंपनी; अथवा

साझेदारी फर्म

भारतीय साझेदारी अधिनियम, 1932 की धारा 59 के अंतर्गत पंजीकृत साझेदारी फर्म; अथवा

सीमित देयता

सीमित देयता भागीदारी अधिनियम, 2008 के अंतर्गत सीमित देयता भागीदारी (LLP)

वैधता

पंजीकरण/निगमन की तिथि 10 वर्ष से अधिक पुरानी नहीं होनी चाहिए।

वार्षिक टर्नओवर

  • स्टार्टअप का निगमन के बाद से किसी भी वित्तीय वर्ष के लिए वार्षिक टर्नओवर ₹100 करोड़ से अधिक नहीं होना चाहिए।

मूल इकाई

किसी मौजूदा व्यवसाय को विभाजित करके या उसका पुनर्गठन करके कोई इकाई गठित नहीं की जानी चाहिए। नवाचार एवं मापनीयता को सक्षम करने वाली इकाई को नवाचार, विकास या उत्पादों, प्रक्रियाओं, सेवाओं में सुधार की दिशा में कार्य करना चाहिए अथवा उच्च रोजगार सृजन या संपत्ति सृजन की क्षमता वाला मापनीय व्यवसाय मॉडल होना चाहिए।

प्रमुख क्षेत्र

स्टार्टअप से निम्नलिखित क्षेत्रों में समस्याओं के समाधान की अपेक्षा की जाती है:

  • कृत्रिम बुद्धिमत्ता
  • मशीन लर्निंग
  • इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT)
  • साइबर सुरक्षा
  • ऑगमेंटेड रियलिटी

आवेदन प्रक्रिया

  1. 01
    आवेदन आमंत्रण
  2. 02
    कार्यक्रम के प्रचार-प्रसार हेतु रोडशो
  3. 03
    आवेदनों का ऑनलाइन मूल्यांकन
  4. 04
    स्टार्टअप का अनुश्रवण एवं मूल्यांकन
  5. 05
    CoE के अंतर्गत सहायता
  6. 06
    चयनित आवेदनों का विशेषज्ञ मूल्यांकन

अवधि

बैच

प्रत्येक वर्ष 50 स्टार्टअप का चयन दो बैच में किया जाएगा। पहला बैच अक्टूबर से मार्च तथा दूसरा बैच अप्रैल से सितंबर तक शुरू होगा।

मार्गदर्शन एवं प्रशिक्षण

प्रत्येक चयनित स्टार्टअप को 6 महीने तक प्रशिक्षण एवं मार्गदर्शन सहायता प्रदान की जाएगी। इसके बाद उन्हें निवेशकों एवं VC के समक्ष अपने विचार प्रस्तुत करने का अवसर दिया जाएगा।

उपलब्ध सुविधाएँ

  • प्रौद्योगिकी उन्नयन के लिए स्टार्टअप को सहायता
  • IIT कानपुर की विश्वस्तरीय अवसंरचना एवं प्रयोगशालाओं तक पहुँच
  • पेशेवर नेटवर्क तक पहुँच
  • भारत एवं अन्य देशों के उभरती प्रौद्योगिकियों एवं प्रबंधन क्षेत्र के विशेषज्ञों से मार्गदर्शन
  • सह-कार्यस्थल (Co-working Space) तक पहुँच
  • इनक्यूबेशन में साथ मिलकर कार्य कर रहे विशेषज्ञों एवं प्रतिभाशाली व्यक्तियों से संवाद का अवसर
  • FIRST IIT कानपुर द्वारा आयोजित संगोष्ठियों में भाग लेने का अवसर
सरकारी सेवाओं से जुड़ाव

आधिकारिक सरकारी वेबसाइटें

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